कोडरीपाल-2 में आजादी के 80वें स्वतंत्रता दिवस के बाद भी मोबाइल नेटवर्क का इंतजार, आपातकालीन सेवाओं से वंचित ग्रामीण

कोडरीपाल-2 में आजादी के 80वें स्वतंत्रता दिवस के बाद भी मोबाइल नेटवर्क का इंतजार, आपातकालीन सेवाओं से वंचित ग्रामीण
संवाददाता, बालक राम यादव
सुकमा। जिले के छिंदगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत कोडरीपाल-2 में आजादी के 80वें स्वतंत्रता दिवस के बाद भी मोबाइल नेटवर्क की सुविधा नहीं पहुंच सकी है। नेटवर्क के अभाव में ग्रामीणों को रोजमर्रा के कामों के साथ-साथ आपातकालीन सेवाओं का लाभ लेने में भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्राम पंचायत के सरपंच हडमा कोर्राम ने बताया कि कई वर्षों से गांव में मोबाइल टावर लगाने की मांग की जा रही है, लेकिन आज तक कोई ठोस पहल नहीं हुई। उन्होंने कहा कि नेटवर्क नहीं होने के कारण 108 एम्बुलेंस, 102 महतारी एक्सप्रेस और 112 आपातकालीन सेवा जैसी सुविधाओं का समय पर लाभ नहीं मिल पाता। वहीं जिले के अन्य गांवों में नेटवर्क और सरकारी सुविधाएं उपलब्ध हैं, लेकिन कोडरीपाल-2 आज भी इससे वंचित है।
गांव के कोटवार सुखदेव नाग ने कहा कि मोबाइल टावर नहीं होने से ग्रामीणों को कई किलोमीटर दूर जाकर फोन करना पड़ता है। कई बार आपात स्थिति में समय पर संपर्क नहीं हो पाने से लोगों की जान तक खतरे में पड़ जाती है। उन्होंने जिला प्रशासन और सरकार से गांव में जियो सहित अन्य मोबाइल नेटवर्क टावर स्थापित करने की मांग की है।
स्थानीय पत्रकार डमरू ठाकुर ने बताया कि छिंदगढ़ विकासखंड के कोडरीपाल-2 में आज भी बीएसएनएल, जियो सहित किसी भी मोबाइल कंपनी का नेटवर्क उपलब्ध नहीं है। सरकार विकास के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन इस ग्राम पंचायत के लोग आज भी बुनियादी संचार सुविधा से वंचित हैं। ग्रामीणों को मोबाइल पर बात करने के लिए 2 से 3 किलोमीटर दूर जाना पड़ता है।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और दूरसंचार कंपनियों से जल्द से जल्द कोडरीपाल-2 में मोबाइल टावर स्थापित कर संचार सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि आपातकालीन सेवाओं के साथ-साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, बैंकिंग और ऑनलाइन सरकारी योजनाओं का लाभ भी गांव तक पहुंच सके।




