छत्तीसगढ़

69 लाख से अधिक की सहायता राशि हितग्राहियों के खातों मे पहुँची,आंधी-तूफान से मची तबाही के बाद तत्परता से संभले हालात।

69 लाख से अधिक की सहायता राशि हितग्राहियों के खातों मे पहुँची,आंधी-तूफान से मची तबाही के बाद तत्परता से संभले हालात।

रिपोर्टर, बालक राम यादव 

सुकमा: जिले में आए भीषण आंधी-तूफान और आकाशीय बिजली की प्राकृतिक आपदा के बीच जिला प्रशासन ने अपनी तत्परता और संवेदनशीलता का परिचय दिया है। विपदा की खबर मिलते ही कलेक्टर श्री अमित कुमार के निर्देशन और मार्गदर्शन में पूरा प्रशासनिक अमला अलर्ट मोड पर आ गया। आपदा की गंभीरता को देखते हुए त्वरित रिस्पॉन्स टीमों को मैदान में उतारा गया, जिससे प्रभावित क्षेत्रों में न सिर्फ स्थिति को तुरंत संभाला गया बल्कि संकट की इस घड़ी में बेघर और पीड़ित परिवारों को सुरक्षा का अहसास कराया गया।

प्रशासन की सबसे बड़ी खूबी इसकी त्वरित और पारदर्शी राहत वितरण प्रणाली रही है। राजस्व पुस्तक परिपत्र (आर.बी.सी.) 6-4 के तहत प्रभावित नागरिकों को आर्थिक सहायता पहुंचाने के लिए युद्ध स्तर पर काम शुरू किया गया। महज कुछ ही दिनों में जिले के 474 आपदा प्रभावितों के खातों और हाथों में 69,32,700 रुपये (लगभग 69.32 लाख रुपये) की विशाल राहत राशि अत्यंत सुव्यवस्थित ढंग से वितरित कर दी गई है। इसमें सबसे गंभीर रूप से प्रभावित तोंगपाल क्षेत्र के पीड़ितों को प्राथमिकता देते हुए अकेले वहां 36 लाख रुपये की तात्कालिक सहायता राशि बांटी गई है, जो प्रशासन की संवेदनशीलता को दर्शाती है।

विपरीत परिस्थितियों में भी जिला प्रशासन का यह ‘संकट प्रबंधन’ (क्राइसिस मैनेजमेंट) मिसाल बनकर उभरा है। जनहानि और मवेशियों के नुकसान पर जहां प्रशासन ने अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाया, वहीं दूसरी ओर क्षतिग्रस्त हुए 1,407 मकानों के पुनर्निर्माण और करीब 2.5 करोड़ रुपये की सार्वजनिक संपत्तियों की बहाली के लिए प्रारंभिक मूल्यांकन पूरा कर मरम्मत कार्य शुरू करा दिया है। प्रशासन की इस मुस्तैदी, चौबीसों घंटे की निगरानी और मानवीय दृष्टिकोण की बदौलत प्रभावित इलाकों में जनजीवन तेजी से पटरी पर लौट रहा है।

विज्ञापन

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!