छत्तीसगढ़

पांच साल बाद भी अधर में लटकी,सामुदायिक शौचालय खंडहर में तब्दील,ग्रामीणों में आक्रोश-आखिर लापरवाही किसकी?

पांच साल बाद भी अधर में लटकी,सामुदायिक शौचालय खंडहर में तब्दील,ग्रामीणों में आक्रोश-आखिर लापरवाही
किसकी?

बस्तर समय न्यूज रिपोर्टर
दंतेवाड़ा: जिले के विकासखण्ड कुओकोंडा के गुमियापाल पंचायत से बडी लापरवाही की खबर सामने निकल कर आ रही है।
गुमियापाल पंचायत के पटेल पारा में वर्ष 2022 के आसपास शुरू हुआ सामुदायिक शौचालय निर्माण कार्य आज पर्यंत अधर में लटकी हुई है। आपको बता दें कि लगभग पांच वर्ष बीत जाने के बाद भी यह शौचालय ग्रामीणों के उपयोग के लिए तैयार नहीं हो सका है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोशित हैं, जहां समुदायिक शौचालय खंडहर में तब्दील हो रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए शुरू की गई यह योजना अब उपेक्षा का शिकार बन गई है। अधूरा निर्माण न केवल सरकारी धन के उपयोग पर सवाल खड़े करता है, बल्कि पंचायत प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी प्रश्नचिह्न लगाता है।
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार कौन है? क्या पंचायत के सरपंच ने निर्माण कार्य की निगरानी नहीं की? क्या वार्ड पंचों ने अपनी जिम्मेदारी नहीं निभाई? या फिर पंचायत सचिव और संबंधित अधिकारियों ने समय पर ध्यान नहीं दिया? इन सवालों का जवाब आज भी ग्रामीणों को नहीं मिल पाया है।
ग्रामीणों की मांग है कि निर्माण कार्य में हुई देरी की निष्पक्ष जांच कराई जाए, जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय की जाए और जल्द से जल्द सामुदायिक शौचालय का निर्माण पूरा कर जनता को इसका लाभ दिया जाए।

जनता की सवाल:

पांच साल में भी एक सामुदायिक शौचालय पूरा नहीं हो पाया, तो आखिर विकास कार्यों की निगरानी कौन कर रहा है? और इस देरी की जिम्मेदारी किसकी है? ग्रामीण अब जवाब और कार्रवाई दोनों चाहते हैं।

विज्ञापन

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!